Mithun Varshik Rashifal – मिथुन वार्षिक राशिफल

अवधि: 1 सितंबर 2026 – 31 अगस्त 2027 अंतिम अपडेट:

अवधि: 1 सितंबर 2026 – 31 अगस्त 2027

मिथुन राशि के लिए 2026-27: गुरु का आशीर्वाद और शनि की परीक्षा

यह वर्ष आपके लिए विकास और परिश्रम का मिश्रण लेकर आता है। गुरु (बृहस्पति) वर्ष के प्रथम दो माह आपके दूसरे भाव में हैं, जहाँ धन, भाषण और पारिवारिक मामलों को समर्थन देते हैं। फिर अक्टूबर के अंत से जनवरी तक गुरु आपके तीसरे भाव में आते हैं, जो संचार, भाई-बहनों और छोटी यात्राओं को सार्थक बनाता है। बाद में गुरु फिर से दूसरे भाव में लौटते हैं और जून के अंत तक वहीं रहते हैं। शनि आपके दसवें भाव में पूरे वर्ष का आधा हिस्सा रहते हैं, फिर ग्यारहवें भाव में जाते हैं—दोनों स्थितियों में धीरज और ध्यानपूर्वक कार्य करना महत्वपूर्ण है। राहु और केतु के परिवर्तन भी दिसंबर में होते हैं, जो नई दिशा का संकेत देते हैं।

करियर और धन

गुरु आपके दूसरे भाव में रहते हैं सितंबर और अक्टूबर में, जो वित्तीय और वाणिज्यिक मामलों में लाभ लाता है। इस समय बचत और निवेश पर ध्यान दें। फिर जनवरी के मध्य से जून के अंत तक गुरु फिर से दूसरे भाव में आते हैं, जब आय के स्रोत मजबूत हो सकते हैं। परिवार की आर्थिक योजना के लिए यह अनुकूल समय है।

अक्टूबर के अंत से जनवरी के मध्य तक गुरु आपके तीसरे भाव में हैं, जो कार्य क्षेत्र में संवाद, लेखन और सहयोग को बल देता है। यदि आपका काम संचार या शिक्षा से जुड़ा है, तो यह अवधि विशेष रूप से लाभकारी है। शनि दसवें भाव में रहते समय (सितंबर से जून तक) व्यावहारिकता और व्यवस्था आपकी शक्ति बनती है। जून के बाद शनि ग्यारहवें भाव में आते हैं, जहाँ नेटवर्क बनाना और दीर्घकालिक लक्ष्य निर्धारण महत्वपूर्ण हो जाता है।

प्रेम और परिवार

गुरु के दूसरे भाव में रहने से परिवार के सदस्यों के साथ संबंध गहरे होते हैं। सितंबर और अक्टूबर में, और फिर जनवरी से जून तक पारिवारिक समय व्यतीत करना और महत्वपूर्ण निर्णय लेना शुभ रहता है। घर में सुख और एकता बढ़ने की संभावना है।

तीसरे भाव में गुरु (अक्टूबर के अंत से जनवरी मध्य तक) भाई-बहनों और करीबी रिश्तों को मजबूत करता है। इस समय सामूहिक यात्रा या पारिवारिक सभाएँ सफल हो सकती हैं। शनि का प्रभाव धीरज की माँग करता है—छोटी-मोटी कठिनाइयों में शांति से काम लें। व्यक्तिगत संबंधों में ईमानदारी और स्पष्टता ही आपकी सुरक्षा है।

स्वास्थ्य और दिनचर्या

इस वर्ष में नियमित दिनचर्या और संतुलित आहार आपके स्वास्थ्य की नींव बनेंगे। गुरु के सकारात्मक प्रभाव से मानसिक शांति मिलती है, लेकिन शनि सतर्कता की याद दिलाता है। सितंबर से दिसंबर तक दोपहर की पैदल सैर और ताजी हवा आपको सुरक्षित रखेगी।

शनि के प्रभाव में निष्क्रियता से बचें—नियमित व्यायाम, योग या घूमना आपकी ऊर्जा को संरक्षित रखता है। बसंत (मार्च-अप्रैल) में विशेष ध्यान दें, क्योंकि ऋतु परिवर्तन के समय शरीर को अतिरिक्त देखभाल चाहिए। शांत मन ही सबसे बड़ी औषधि है—प्रतिदिन कुछ मिनट शांति में बैठना आपको शक्तिशाली रखेगा।

महत्वपूर्ण तिथियाँ

  • 31 अक्टूबर 2026 गुरु सिंह राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से तीसरा भाव गुरु तीसरे भाव में प्रवेश करते हैं—कार्य क्षेत्र में नई शुरुआत करें या महत्वपूर्ण संवाद के लिए यह समय उत्तम है।
  • 5 दिसंबर 2026 वक्री राहु फिर मकर राशि में आता है - आपकी राशि से आठवाँ भाव राहु आठवें भाव में जाते हैं—गहरे विचार और आंतरिक परिवर्तन की ओर ध्यान दें।
  • 25 जनवरी 2027 वक्री गुरु फिर कर्क राशि में आता है - आपकी राशि से दूसरा भाव गुरु दूसरे भाव में लौटते हैं—पारिवारिक योजना और आर्थिक व्यवस्था को दोबारा सुदृढ़ करने का समय।
  • 3 जून 2027 शनि मेष राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से ग्यारहवाँ भाव शनि ग्यारहवें भाव में जाते हैं—दीर्घकालीन सामाजिक और व्यावसायिक लक्ष्य स्पष्ट करें।
  • 15 जून 2027 सूर्य मिथुन राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से पहला भाव सूर्य आपके राशि में आते हैं—यह आपका व्यक्तिगत नव वर्ष है; स्वयं को नए दृष्टिकोण से जानने का समय।
  • 26 जून 2027 गुरु सिंह राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से तीसरा भाव गुरु तीसरे भाव में फिर आते हैं—वर्ष की अंतिम तिमाही में संचार और सहयोग पर बल दें।

इस अवधि का उपाय

हर सुबह सूर्योदय से पहले उठने का प्रयास करें और कुछ मिनट शांति में बैठें। यदि संभव हो तो 'ॐ' का सरल जाप करें या बस अपनी साँसों की लय को महसूस करें। यह छोटा सा कार्य आपको शनि की परीक्षाओं में धैर्यवान रखेगा और गुरु के आशीर्वाद को अधिक प्रभावी बनाएगा।

मिथुन राशि के लिए ग्रह स्थिति

1 सितंबर 2026 (अवधि के आरंभ) की ग्रह स्थिति। भाव मिथुन राशि से गिने गए हैं।

ग्रहराशिनक्षत्रमिथुन राशि से भावगति
सूर्यसिंहपूर्वा फाल्गुनी3मार्गी
मंगलमिथुनआर्द्रा1मार्गी
बुधसिंहपूर्वा फाल्गुनी3मार्गी
गुरुकर्कआश्लेषा2मार्गी
शुक्रकन्याचित्रा4मार्गी
शनिमीनरेवती10वक्री
राहुकुंभधनिष्ठा9वक्री
केतुसिंहमघा3वक्री

इस अवधि के राशि परिवर्तन और वक्री-मार्गी तिथियाँ

तिथिक्या होता है
17 सितंबर 2026 07:52 भारतीय समयसूर्य कन्या राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से चौथा भाव
18 सितंबर 2026 16:35 भारतीय समयमंगल कर्क राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से दूसरा भाव
3 अक्टूबर 2026 12:43 भारतीय समयशुक्र तुला राशि में वक्री होता है - आपकी राशि से पाँचवाँ भाव
17 अक्टूबर 2026 19:51 भारतीय समयसूर्य तुला राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से पाँचवाँ भाव
24 अक्टूबर 2026 12:42 भारतीय समयबुध तुला राशि में वक्री होता है - आपकी राशि से पाँचवाँ भाव
31 अक्टूबर 2026 12:02 भारतीय समयगुरु सिंह राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से तीसरा भाव
12 नवंबर 2026 20:18 भारतीय समयमंगल सिंह राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से तीसरा भाव
13 नवंबर 2026 21:24 भारतीय समयबुध तुला राशि में मार्गी होता है - आपकी राशि से पाँचवाँ भाव
14 नवंबर 2026 05:59 भारतीय समयशुक्र कन्या राशि में मार्गी होता है - आपकी राशि से चौथा भाव
16 नवंबर 2026 19:43 भारतीय समयसूर्य वृश्चिक राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से छठा भाव
5 दिसंबर 2026 22:32 भारतीय समयवक्री राहु फिर मकर राशि में आता है - आपकी राशि से आठवाँ भाव
5 दिसंबर 2026 22:32 भारतीय समयवक्री केतु फिर कर्क राशि में आता है - आपकी राशि से दूसरा भाव
11 दिसंबर 2026 06:00 भारतीय समयशनि मीन राशि में मार्गी होता है - आपकी राशि से दसवाँ भाव
13 दिसंबर 2026 06:00 भारतीय समयगुरु सिंह राशि में वक्री होता है - आपकी राशि से तीसरा भाव
16 दिसंबर 2026 10:25 भारतीय समयसूर्य धनु राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से सातवाँ भाव
10 जनवरी 2027 18:24 भारतीय समयमंगल सिंह राशि में वक्री होता है - आपकी राशि से तीसरा भाव
14 जनवरी 2027 21:10 भारतीय समयसूर्य मकर राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से आठवाँ भाव
25 जनवरी 2027 01:31 भारतीय समयवक्री गुरु फिर कर्क राशि में आता है - आपकी राशि से दूसरा भाव
9 फरवरी 2027 23:06 भारतीय समयबुध कुंभ राशि में वक्री होता है - आपकी राशि से नौवाँ भाव
13 फरवरी 2027 10:09 भारतीय समयसूर्य कुंभ राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से नौवाँ भाव
3 मार्च 2027 18:02 भारतीय समयबुध मकर राशि में मार्गी होता है - आपकी राशि से आठवाँ भाव
10 मार्च 2027 00:13 भारतीय समयवक्री मंगल फिर कर्क राशि में आता है - आपकी राशि से दूसरा भाव
15 मार्च 2027 07:00 भारतीय समयसूर्य मीन राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से दसवाँ भाव
1 अप्रैल 2027 19:41 भारतीय समयमंगल कर्क राशि में मार्गी होता है - आपकी राशि से दूसरा भाव
13 अप्रैल 2027 08:12 भारतीय समयगुरु कर्क राशि में मार्गी होता है - आपकी राशि से दूसरा भाव
14 अप्रैल 2027 15:28 भारतीय समयसूर्य मेष राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से ग्यारहवाँ भाव
26 अप्रैल 2027 11:47 भारतीय समयमंगल सिंह राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से तीसरा भाव
15 मई 2027 12:19 भारतीय समयसूर्य वृषभ राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से बारहवाँ भाव
3 जून 2027 05:28 भारतीय समयशनि मेष राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से ग्यारहवाँ भाव
10 जून 2027 23:44 भारतीय समयबुध मिथुन राशि में वक्री होता है - आपकी राशि से पहला भाव
15 जून 2027 18:55 भारतीय समयसूर्य मिथुन राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से पहला भाव
26 जून 2027 05:19 भारतीय समयगुरु सिंह राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से तीसरा भाव
5 जुलाई 2027 01:10 भारतीय समयबुध मिथुन राशि में मार्गी होता है - आपकी राशि से पहला भाव
5 जुलाई 2027 04:34 भारतीय समयमंगल कन्या राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से चौथा भाव
17 जुलाई 2027 05:48 भारतीय समयसूर्य कर्क राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से दूसरा भाव
9 अगस्त 2027 22:54 भारतीय समयशनि मेष राशि में वक्री होता है - आपकी राशि से ग्यारहवाँ भाव
17 अगस्त 2027 14:13 भारतीय समयसूर्य सिंह राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से तीसरा भाव
24 अगस्त 2027 09:51 भारतीय समयमंगल तुला राशि में प्रवेश करता है - आपकी राशि से पाँचवाँ भाव

धीमी गति के ग्रह कहाँ हैं

ग्रहराशिमिथुन राशि से भावसेतक
गुरुकर्क21 सितंबर 202631 अक्टूबर 2026
गुरुसिंह331 अक्टूबर 202625 जनवरी 2027
गुरुकर्क225 जनवरी 202726 जून 2027
गुरुसिंह326 जून 202731 अगस्त 2027
शनिमीन101 सितंबर 20263 जून 2027
शनिमेष113 जून 202731 अगस्त 2027
राहुकुंभ91 सितंबर 20265 दिसंबर 2026
राहुमकर85 दिसंबर 202631 अगस्त 2027
केतुसिंह31 सितंबर 20265 दिसंबर 2026
केतुकर्क25 दिसंबर 202631 अगस्त 2027

साढ़ेसाती और ढैया की स्थिति

मिथुन राशि पर अभी साढ़ेसाती नहीं है। शनि आपकी राशि से भाव 10 में है।

यह राशिफल कैसे बनता है

इस पृष्ठ की ग्रह स्थिति, राशि परिवर्तन, वक्री तिथियाँ, तिथि और नक्षत्र स्विस एफेमेरिस (निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश) से गणना किए गए हैं। लिखित राशिफल मिथुन चंद्र राशि के लिए उसी गोचर की व्याख्या है; यह सामान्य राशिफल है, व्यक्तिगत जन्म कुंडली का फलादेश नहीं।

ज्योतिष एक पारंपरिक, आस्था पर आधारित विद्या है। यह राशिफल चंद्र राशि के लिए सामान्य व्याख्या है और केवल आत्मचिंतन व मार्गदर्शन के लिए है - यह निश्चित घटनाओं की भविष्यवाणी नहीं है और पेशेवर सलाह का विकल्प नहीं है। स्वास्थ्य, कानूनी या आर्थिक विषयों में कृपया योग्य विशेषज्ञ से सलाह लें।